पत्रकारिता और ढाबे की आड़ में चल रहा अफीम तस्करी का खेल ध्वस्तकरीब 5 लाख रुपये की अफीम के साथ दो शातिर तस्कर गिरफ्तार
रुद्रपुर 09 जनवरी 2026 (समय बोल रहा )
ऊधमसिंहनगर जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे सख्त अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मणिकांत मिश्रा के निर्देश पर कोतवाली बाजपुर पुलिस और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए 1.321 किलोग्राम अफीम के साथ दो शातिर नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है।
बरामद अफीम की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब पांच लाख रुपये बताई जा रही है।आड़ में चल रहा था नशे का संगठित नेटवर्कपुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी लंबे समय से पत्रकारिता और ढाबा संचालन की आड़ में अफीम तस्करी का संगठित नेटवर्क चला रहे थे। इस नेटवर्क के जरिए नशे की खेप को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाया जाता था।
पुलिस का मानना है कि इस अवैध कारोबार के माध्यम से युवाओं को नशे की गिरफ्त में धकेलने की सुनियोजित साजिश रची जा रही थी।एसएसपी के निर्देश पर तेज हुई कार्रवाईएसएसपी मणिकांत मिश्रा ने जिले में नशा तस्करों के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” नीति अपनाते हुए पहले ही स्पष्ट निर्देश जारी कर दिए थे कि नशे के कारोबार से जुड़े किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी भी आड़ में क्यों न छिपा हो।
इसी नीति के तहत बाजपुर क्षेत्र में यह सटीक और प्रभावी कार्रवाई की गई।पूछताछ में हो सकते हैं बड़े खुलासेगिरफ्तार तस्करों से पुलिस द्वारा गहन पूछताछ की जा रही है। संभावना जताई जा रही है कि पूछताछ के दौरान नशे के नेटवर्क से जुड़े अन्य नाम सामने आ सकते हैं। साथ ही अफीम की सप्लाई चेन, खरीददारों और नेटवर्क के अन्य कड़ियों का भी खुलासा हो सकता है।
समय बोल रहा | विश्लेषण
यह कार्रवाई केवल दो आरोपियों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उस सोच और व्यवस्था पर सीधा प्रहार है जो समाज सेवा, पत्रकारिता या व्यवसाय की आड़ में नशे का ज़हर फैलाने का काम कर रही है। एसएसपी मणिकांत मिश्रा के नेतृत्व में ऊधमसिंहनगर पुलिस ने साफ संदेश दे दिया है कि नशा, उसका नेटवर्क और उसके पीछे छिपे नकाब — तीनों को तोड़ा जाएगा।

