आकांक्षी जनपद कार्यक्रम: ऊधमसिंह नगर में स्वास्थ्य, शिक्षा पर विशेष ध्यान देने के निर्देश, कमिश्नर ने की समीक्षा

रुद्रपुर, 29 अगस्त 2025 – (समय बोल रहा) – भारत सरकार द्वारा चलाए जा रहे महत्वाकांक्षी आकांक्षी जनपद और आकांक्षी विकास खंड कार्यक्रम के अंतर्गत ऊधमसिंह नगर में हो रहे कार्यों की आज मंडलायुक्त दीपक रावत ने गहन समीक्षा की। उन्होंने इस दौरान स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। मंडलायुक्त ने इस बात पर जोर दिया कि सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ देकर उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ना ही इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य है।

देशभर में ऊधमसिंह नगर चौथे स्थान पर
जिला सभागार में आयोजित बैठक में मंडलायुक्त ने बताया कि पूरे देश में 112 आकांक्षी जनपदों की पहचान की गई है, जिनमें ऊधमसिंह नगर भी शामिल है। इसके अलावा, गदरपुर विकास खंड को भी आकांक्षी विकास खंड के रूप में चिन्हित किया गया है। उन्होंने सभी अधिकारियों को बधाई दी कि भारत सरकार के नीति आयोग द्वारा किए गए मूल्यांकन में ऊधमसिंह नगर का स्थान चौथा रहा है। यह उपलब्धि जिले में हो रहे कार्यों की सफलता को दर्शाती है।
स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष फोकस
मंडलायुक्त ने स्वास्थ्य संकेतकों की समीक्षा करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गर्भवती महिलाओं का शत-प्रतिशत पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए और विशेष रूप से ‘हाई-रिस्क’ वाली गर्भवती महिलाओं पर पैनी नजर रखी जाए। इसके साथ ही, संस्थागत प्रसव (सरकारी अस्पतालों में डिलीवरी) को बढ़ावा देने और बच्चों का शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) और जिला कार्यक्रम एवं बाल विकास अधिकारी (DPO) को अल्ट्रासाउंड मशीनों का नियमित निरीक्षण करने का निर्देश दिया, ताकि कन्या भ्रूण हत्या को रोका जा सके और बालक-बालिका अनुपात को बेहतर बनाया जा सके। कुपोषित बच्चों को चिन्हित कर उन्हें कुपोषण से बाहर निकालने के लिए विशेष प्रयास करने के भी निर्देश दिए गए। इसके अलावा, गर्भवती महिलाओं को पूरक पोषण आहार का शत-प्रतिशत वितरण सुनिश्चित करने और ‘टीबी मुक्त भारत’ अभियान के तहत सभी मरीजों की जांच और दवा वितरण सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए गए।
शिक्षा और कृषि में सुधार
शिक्षा के क्षेत्र में, मंडलायुक्त ने सभी विद्यालयों में बिजली, पानी और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं को सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने ‘स्कूल ड्रॉपआउट’ बच्चों को वापस स्कूल में दाखिला दिलाने के निर्देश दिए और शिक्षा की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के लिए मुख्य शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया।
कृषि के क्षेत्र में, उन्होंने गर्मियों में होने वाली धान की खेती पर रोक लगाने के कदम की सराहना की और गन्ना, मक्का, दलहन और तिलहन जैसी फसलों को बढ़ावा देने के निर्देश दिए। साथ ही, सभी किसानों को ‘मृदा स्वास्थ्य कार्ड’ वितरित करने और समय पर उन्नत बीज व उर्वरक उपलब्ध कराने को भी कहा गया।
आर्थिक सशक्तिकरण पर भी जोर
मंडलायुक्त ने ग्रामीण क्षेत्रों में इंटरनेट की व्यवस्था को बेहतर बनाने और आंगनबाड़ी केंद्रों व स्कूलों सहित अन्य बुनियादी ढाँचों के विकास पर भी ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को ‘पीएम जन धन योजना’, ‘पीएम जीवन ज्योति बीमा योजना’, ‘पीएम सुरक्षा योजना’ और ‘अटल पेंशन योजना’ जैसी योजनाओं के तहत सभी पात्र लोगों को लाभान्वित करने के लिए कहा।
सभी अधिकारियों को समन्वय से काम करने के निर्देश
जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने बैठक में उपस्थित सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सभी पात्र लोगों को योजनाओं का लाभ पहुँचाकर उन्हें सामाजिक और आर्थिक रूप से मजबूत बनाना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों से नीति आयोग की वेबसाइट को नियमित रूप से देखने और नए विचारों को अपनाने के लिए भी कहा।
जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी नफील जमील ने बैठक में एक प्रेजेंटेशन के माध्यम से आकांक्षी जनपद ऊधमसिंह नगर और आकांक्षी विकास खंड गदरपुर में हो रहे कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शाशनी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।